16 जून से 15 अगस्त तक रहेगा मत्स्याखेट प्रतिबंधित
खण्डवा 13 जून, 2016 - आगामी 16 जून से 15 अगस्त तक की अवधि बंद ऋतु मंे मत्सयाखेट निषेध किया गया है। इस अवधि में मत्स्याखेट की रोकथाम, मत्स्याखेट/मत्स्य विक्रय/मत्स्य का परिवहन पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। क्षेत्रीय प्रबंधक मध्यप्रदेष मत्स्य महासंघ इंदिरा सागर ने बताया कि मध्यप्रदेश नदीय मत्स्योद्योग नियम 1972 की धारा 3(2) ंके प्रावधानों ंके विरूद्ध एवं म.प्र. मत्स्य क्षेत्र संशोधन अधिनियिम 5 ंके तहत उल्लंघनकर्ताओं को 1 वर्ष तक का कारावास या 5 हजार रूपये तक जुर्माना या दोनो से दण्डित किया जाने का प्रावधान है एवं उल्लघंनकर्ताओं द्वारा अवैध मत्स्य परिवहन में उपयोग लाये जाने वाले साधन जैसे नौका, व्हीकल, ंके अधिग्रहण उन्हे हटाये जाने और उन्हें जब्त करने ंके लिये प्रावधान है। उन्होने यह भी बताया कि छोटे तालाब या अन्य स्त्रोत जिनका कोई संबंध किसी नदी से नहीं है और जिन्हें निर्दिष्ट जल की परिभाषा ंके अन्तर्गत नहीं लाया गया है को छोड़कर समस्त नदियों व जलाशयों में बंद ऋतु में मे मत्स्याखेट पूर्णतया प्रतिबंधित रहेगा। सभी नागरिकों को सूचित किया गया है कि प्रतिबंधित अवधि में किसी प्रकार का मत्स्याखेट एवं परिवहन व विक्रय न करें एव ंना ही इन कार्याे में सहयोग दे। इन नियमों ंके उल्लघंन करने वालो ंके विरूद्ध कानूनी कार्यवाही की जायेगी।
No comments:
Post a Comment