खुशियों की दास्ताँ
आंवल्या नागोत्तर के शिविर में ग्रामीणों की समस्याएं मौके पर ही हल की गई
ग्रामीणों को दिए गए वनाधिकार प्रमाण पत्र और किया गया स्वास्थ्य परीक्षण
खण्डवा 5 फरवरी, 2021 - खालवा विकासखण्ड के दूरस्थ वनग्राम आंवल्या नागोत्तर में हितग्राही सम्पर्क शिविर का आयोजन शुक्रवार को किया गया। शिविर में उपस्थित ग्रामीणों की समस्याएं अधिकारियों ने सुनी और उनका मौके पर ही निराकरण किया गया। इस शिविर में कलेक्टर श्री अनय द्विवेदी, जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती नंदा भलावे कुशरे, एडीएम हरसूद डॉ. परीक्षित झाडे सहित विभिन्न अधिकारी मौजूद थे। शिविर में कलेक्टर श्री द्विवेदी ने उपस्थित ग्रामीणों को फौती नामांतरण संबंधी प्रमाण पत्र वितरित किए। उन्होंने ग्रामीणों को वनाधिकार पट्टे भी प्रदान किए। शिविर में ग्राम कुटबीढाना, झारीखेडा, नागोत्तर सहित आसपास के गांव के निवासी उपस्थित थे। शिविर में वन विभाग के 30, विद्युत कम्पनी के 2, जनपद खालवा संबंधी 19 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से अधिकांश का मौके पर ही निराकरण किया गया। स्थानीय ग्रामीणों को कोरकू भाषा में भी योजनाओं की जानकारी दी गई।
इन्हें दिए गए वनाधिकार प्रमाण पत्र व फौती नामांतरण प्रमाण पत्र
जिन ग्रामीणों को नए वनाधिकार प्रमाण पत्र प्रदान किए गए, उनमें हीरालाल, हीरसिंह पुत्र रामलाल, फूलवती बाई, विनय कुमार, सुनीता बाई व तुलसीराम शामिल है। इसके अलावा जिन ग्रामीणों के फौती नामांतरण कर उन्हें प्रमाण पत्र दिए गए, उनकें जानकी बाई पति हीरालाल, भगवती बाई, कालीबाई, गोपाल, गोपी बाई, द्वारका प्रसाद, अनार सिंह, सूरज, मुन्नालाल, चुन्नीलाल, कुमारसिंह व लालू शामिल है।
96 ग्रामीणों का हुआ स्वास्थ्य परीक्षण
कलेक्टर श्री द्विवेदी ने शिविर में उपस्थित ग्रामीणों से उचित मूल्य की दुकान के नियमित रूप से खुलने तथा सामग्री वितरण के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने गांव में पेयजल उलब्धता के बारे में पूछताछ की। कृषि विभाग के उपसंचालक श्री आर.एस. गुप्ता ने कृषि विभाग की योजनाओं के बारे में बताया। जबकि मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग के योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आंवल्या नागोत्तर में आयोजित स्वास्थ्य शिविर में शुक्रवार को 96 ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया, जिनमें से 11 को डायबटिज व ब्लड प्रेशर जैसी बीमारियां पाई गई, उन्हें मौके पर ही निःशुल्क दवाईयां वितरित की गई।
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